हर दिन को खुशनुमा बनाने वाले 5 आत्मिक मंत्र : जो सुबह से रात तक आपका साथ दें
एक सवाल — आखिरी बार आप सुबह उठकर genuinely खुश थे, कब?
मेरा मतलब वो खुशी नहीं जो किसी अच्छी news से आती है, या weekend का excitement। मेरा मतलब है वो ordinary happiness — जब कोई special reason न हो, लेकिन फिर भी दिन अच्छा लगे। जब सुबह की chai, खिड़की से आती धूप, किसी का हँसना — यह सब genuinely अच्छा लगे।